(16)
छोटा बाळ
मदन : यार गोपी तू अतरा छोटा बाळ क्यूं कटवायो छ?
गोपी : अरअ यार म्हारकन तीन रफ्या खुल्ला कोन छा, जिसूं म्ह नाई नअ खियो कअ, तीन रफ्यां का बाळ ओर काटलअ।

(17)
छोरो करोड़ां को
एक गांव मअ एक छोरो ऊंकी जीजी नअ खियो।
छोरो : जीजी म्ह थारअ आगअ कतरा को छूं?
जीजी : बेटा तू म्हारअ आगअ करोड़ां को छ।
छोरो : जीजी वांमअ सूं पांच रफ्या दअदअ म्ह चीज खाऊंलो।

(18)
जामूण की गुठली
एक आळसी आदमी जामूण का रूंखड़ा कअ तळअ सूतो छो। वो एक पअलवान नअ खियो।
आळसी : अरअ या जामूण उठार म्हारा मूण्डा मअ पटक दे नअ।
पअलवान : आळसी का मूण्डा मअ जामूण पटक’र जाबअ लाग्योर आळसी खियो।
आळसी : गुठली कांईं थारो बाप नखाळअलो।

(19)
जीजी कअ मुछ्यां कोनअ
एक छोरो ऊंकी जीजी कअ लअरअ बस मअ बअठग्यो।
पप्पू : (कण्डेकटर नअ खियो), डेड टगट देद्‌यो। आदो म्हारो अर एक म्हारी जीजी को।
कण्डेकटर : थारअ तो मुछ्यां आरी छ, थारो पूरो टगट लागअलो।
पप्पू : तो फेर एक टगट म्हारो अर आदो म्हारी जीजी को दअदअ। म्हारी जीजी कअ मुछ्यां कोन आरी।

(20)
दादा अतरी दारू मत पीवअ
एक बार बदरी ऊंका दादा नअ खियो।
बदरी : दादा अतरी दारू मत पीवअ।
दादो : छोरा मन दारू पीबादअ लअरअ कांईं बी कोन लेर जाऊंलो।
बदरी : अगर तू अस्यांईं दारू पीतो रियो तो अण्डअ छोड’र बी कांईं जावअलो?

(21)
तीन चीजां को नांव
गोपी ऊंका बायेला नअ खियो कअ, मन सब चीजां याद रअ छ पण तीन चीजां को नांव याद कोन रअ।
बायेलो : तन तीन चीजां कसी-कसी याद कोन रअ?
गोपी : एक तो कोई को नांव याद कोन रअ। दूसरी मन कोई की सकल याद कोन रअ। तीसरी तो वा चीज छ जिंको मन अबार बी नांव याद कोनअ।

(22)
तीन सुपाई
सुपाई एक पाळती का घर का कुवांड़ नअ बजायो।
पाळती : कुण छ?
सुपाई : म्हे सुपाई छां, कुवांड़ खोल।
पाळती : क्यूं खोलूं?
सुपाई : बात करणी छ।
पाळती : थे केक छो?
सुपाई : म्हे तीन छां।
पाळती : तो फेर आपस मअ बात करल्यो, मन टेम कोनअ।

(23)
दादो घणो सीदो
एक छोरो ऊंकी जीजी नअ खियो।
छोरो : जीजी, दादो घणो सीदो।
जीजी : वो कियां?
छोरो : कोई बी बडिया लुगाई दीखअ छ, तो एक आंख नअ मीच ले छ। वो देखअ ई कोनअ।

(24)
दारू पीबाळो
एक लुगाई ऊंका आदमी नअ बोली कअ, आज थे दारू पी लिया तो म्ह मर जाऊंली। पाछअ वो आदमी खियो कअ, तू तो नतकई मरबा की बात करअ छ अर मरअ तो कोनअ? न तो तू मरअ अर न मअ दारू छोडूं।

(25)
फाटक बन्द
गोकल : अरअ यार म्ह बीस बरस सूं एक बात देखर्यो छूं।
रामू : कांईं?
गोकल : जद बी फाटक लागअ छ, तो रअलगाडी जरूर आवअ छ।

(26)
बना चुचमा कअ
एक डागदर मरीज नअ खियो।
डागदर : थारो बजन कतरो छ?
मरीज : चुचमा सहीत पच्‍चास किलो।
डागदर : बना चुचमा कअ?
मरीज : बना चुचमा कअ तो मन दीखअ ई कोनअ।

(27)
बदलो लेणो छ
एक आदमी ऊंकी लुगाई नअ खियो कअ, मन मर्यां पाछअ तू कल्याण सूं ब्याव कर लिज्यो। अब लुगाई बोली कअ, कल्याण तो थांको बअरी छो। वो खियो कअ, ऊंसूं मन बदलो लेणो छ।

(28)
ब्याव की संक्या
मदन : अगर आदमी ब्याव कअ पाछअ बी पअली जस्यो बेवार करअ तो दनियां
मअ तलाक की संक्या आदी रअज्या।
गोपी : अगर लुगायां ब्याव कअ पाछअ बी पअली जस्यो बेवार करअ तो दनियां
मअ ब्याव की संक्या आदी रअज्या।

(29)
अब तो बीजळी बी दुवाई हअगी
अब तो बीजळी बी दुवाई हअगी।
दो घण्टा सुंवांरई कलिया सूं पअली।
दो घण्टा दोपअरी मअ रोटी खायां पाछअ।
दो घण्टा रात मअ सोबा सूं पअली।

(30)
राकेट सूरज सूं टकरागी
काळू : काल म्ह एक राकेट छोड्यो जे वा सीदी सूरज सूं टकरागी।
रामू : पाछअ कांईं हियो?
काळू : पाछअ म्हारी कुटाई हअगी।
रामू : तन कुण कूट्यो?
काळू : सूरज की जीजी कूटी यार।